बेटी भगाने की रंजिश में बुजुर्ग का बेरहम कत्ल: सैनी पुलिस और SOG ने किया कानेमई हत्याकांड का सनसनीखेज खुलासा
सैनी, कौशाम्बी। जनपद के थाना सैनी अंतर्गत ग्राम कानेमई में हुई गणेश प्रसाद की नृशंस हत्या की गुत्थी को पुलिस ने सुलझा लिया है। पुलिस अधीक्षक राजेश कुमार के निर्देशन में सैनी पुलिस और एसओजी की संयुक्त टीम ने असली कातिल को गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे भेज दिया है। पुलिस की इस निष्पक्ष और वैज्ञानिक जांच की सबसे बड़ी कामयाबी यह रही कि नामजद किए गए एक निर्दोष व्यक्ति को जेल जाने से बचा लिया गया।
वारदात का विवरण
बीती 2 फरवरी की सुबह पुलिस को सूचना मिली कि कानेमई निवासी गणेश प्रसाद का शव उनके घर के बाहर टिन शेड के नीचे चारपाई पर लहूलुहान हालत में पड़ा है। उनके सिर पर धारदार हथियार से वार किया गया था। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए तत्काल फील्ड यूनिट और फॉरेंसिक टीम के साथ साक्ष्य जुटाए और हत्या का मुकदमा दर्ज कर तफ्तीश शुरू की।
रंजिश और बदले की आग ने बनाया कातिल
इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस और मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने आकाश पुत्र पुजारी लाल निवासी कानेमई को भौतर गांव के पास से दबोच लिया। कड़ाई से पूछताछ में आकाश ने चौंकाने वाला खुलासा किया। उसने बताया कि करीब 4 महीने पहले वह मृतक की बेटी को भगा ले गया था, जिसके बाद से गणेश प्रसाद ने उसके खिलाफ मुकदमा लिखवाकर उसे परेशान कर रखा था। जेल जाने के डर और परिवार पर पड़ रहे दबाव से गुस्से में आकर आकाश ने गणेश की हत्या की योजना बनाई।
आधी रात को कुल्हाड़ी से किया हमला
1 फरवरी की रात आकाश अपनी बाइक की डिग्गी में कुल्हाड़ी लेकर पहुँचा। गणेश को सोता देख उसने कुल्हाड़ी से उसके सिर पर ताबड़तोड़ वार कर उसे मौत के घाट उतार दिया। सबूत मिटाने के लिए उसने वहां जल रहा बल्ब तोड़ दिया ताकि अंधेरा हो जाए। भागते समय वह मृतक का मोबाइल भी ले गया और बाद में अपनी खून से सनी जैकेट और मोबाइल को जला दिया, जबकि कुल्हाड़ी को तालाब में फेंक दिया था।
बरामदगी और पुलिस टीम को इनाम
पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर आला कत्ल एक कुल्हाड़ी, जली हुई जैकेट के अवशेष, मृतक के मोबाइल के जले हुए अवशेष और घटना में प्रयुक्त बाइक बरामद कर ली है। इस अंधे कत्ल का सफल अनावरण करने वाली टीम के उत्साहवर्धन हेतु पुलिस अधीक्षक कौशाम्बी द्वारा 25,000 रुपये के नकद पुरस्कार की घोषणा की गई है।









