सिंघम’ रिटर्न: त्रिलोकीनाथ पांडेय के खौफ से कड़ाधाम में सन्नाटा, याद आए पश्चिम शरीरा वाले तेवर

​कौशाम्बी। कुछ अफसर जहां जाते हैं, वहां की हवा बदल देते हैं। जनपद कौशाम्बी के पुलिस अधीक्षक राजेश कुमार के सबसे भरोसेमंद योद्धाओं में शुमार थाना अध्यक्ष त्रिलोकीनाथ पांडेय ने कड़ाधाम में वैसी ही बिसात बिछा दी है, जैसी कभी ‘पश्चिम शरीरा’ में अपराधियों के खिलाफ बिछाई थी। उनकी कार्यशैली का वही पुराना ‘अंदाज-ए-बयां’ आज कड़ाधाम की गलियों में गूंज उठा।

SP राजेश कुमार का ‘मास्टरस्ट्रोक’

अपराध मुक्त कौशाम्बी का जो सपना पुलिस अधीक्षक राजेश कुमार ने संजोया है, उसे धरातल पर उतारने का जिम्मा जब त्रिलोकीनाथ पांडेय जैसे अनुभवी हाथों में आता है, तो नतीजे ऐसे ही ‘दमदार’ होते हैं। भीड़भाड़ वाले इलाके हों या मिश्रित आबादी वाली गलियां, त्रिलोकीनाथ पांडेय का पैदल गस्त करना मात्र एक औपचारिकता नहीं, बल्कि अपराधियों के लिए खुली चेतावनी है।

दिन में मुस्तैदी, रात में ‘ऑपरेशन क्लीन’

कड़ाधाम में रात्रि गस्त को जिस तरह से सुदृढ़ किया गया है, उसने चोर-उचक्कों की नींद उड़ा दी है। पश्चिम शरीरा में एसएचओ रहते हुए त्रिलोकीनाथ पांडेय ने जिस जीरो टॉलरेंस की नीति पर काम किया था, आज वही सख्ती कड़ाधाम की जनता देख रही है। पुलिस की मौजूदगी मात्र से आम आदमी खुद को गौरवान्वित और सुरक्षित महसूस कर रहा है।

जनता बोली- “वही पुराना रसूख, वही पुराना जज्बा”

बाजारों में गस्त के दौरान जब लोग त्रिलोकीनाथ पांडेय को देखते हैं, तो चर्चा शुरू हो जाती है कि साहब का काम करने का तरीका आज भी वैसा ही बेबाक और कड़क है। SP राजेश कुमार के कुशल मार्गदर्शन में कड़ाधाम पुलिस ने यह साबित कर दिया है कि खाकी का इकबाल सबसे ऊपर है।

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Author: Up Fight Times

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