कौशाम्बी (जिला क्राइम संवाददाता, जगदंबा प्रसाद)। सैनी थाना क्षेत्र के अंतर्गत गनपा ग्राम सभा में प्रतिबंधित और औषधीय गुणों से भरपूर हरे-भरे नीम के वृक्षों पर लकड़ी माफियाओं ने सरेआम कुल्हाड़ी चलाकर उन्हें धराशाही कर दिया। विडंबना यह है कि एक तरफ सरकार पर्यावरण संतुलन के लिए हर वर्ष करोड़ों की लागत से वृक्षारोपण अभियान चलाती है, वहीं दूसरी तरफ लकड़ी माफियाओं के हौसले इतने बुलंद हैं कि वे फलदार और औषधीय वृक्षों को भी नहीं बख्श रहे हैं।
स्थानीय ग्रामीणों का आरोप है कि क्षेत्रीय विभागीय अधिकारियों की चुप्पी और माफियाओं पर कठोर कार्रवाई न होने के कारण हरे वृक्षों की कटान बदस्तूर जारी है। गनपा ग्राम सभा में हुई इस घटना ने वन विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। आखिर किसकी शह पर इन प्रतिबंधित वृक्षों को नष्ट किया जा रहा है? सरकारी दावों के विपरीत धरातल पर माफिया तंत्र हावी नजर आ रहा है। यदि समय रहते इन पर नकेल नहीं कसी गई, तो क्षेत्र का हरित आवरण पूरी तरह नष्ट हो जाएगा।










